UP के तर्ज पर बिहार में बनेगा नया ‘गंगा एक्सप्रेसवे’, बक्सर से सुल्तानगंज तक 260 KM का सफर होगा आसान
न्यूज 11 भारत / बिहार डेस्क: बिहार के इंफ्रास्ट्रक्चर को एक नई ऊंचाई देने के लिए सरकार उत्तर प्रदेश के ‘गंगा एक्सप्रेसवे’ की तर्ज पर एक बेहद महत्वाकांक्षी परियोजना पर काम कर रही है। बक्सर से शुरू होकर भागलपुर के सुल्तानगंज तक बनने वाला यह नया एक्सप्रेसवे अंग और भोजपुर क्षेत्र समेत पूरे बिहार की तस्वीर बदल देगा। गंगा नदी के समानांतर बनने वाले इस आधुनिक फोर-लेन एक्सप्रेसवे की कुल लंबाई लगभग 260 किलोमीटर प्रस्तावित है। भविष्य में बढ़ते ट्रैफिक और जरूरतों को ध्यान में रखते हुए इस एक्सप्रेसवे का डिजाइन इस तरह तैयार किया जा रहा है कि इसे बाद में आसानी से छह या आठ लेन तक चौड़ा किया जा सके।
युद्ध के समय बनेगा रनवे: लड़ाकू विमानों की लैंडिंग के लिए बनेगी स्पेशल एयरस्ट्रिप
इस नए गंगा एक्सप्रेसवे की सबसे बड़ी यूएसपी (खासियत) इसका सुरक्षा के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण होना है। इस एक्सप्रेसवे के एक हिस्से को ‘एयरस्ट्रिप’ के मानकों के तहत विकसित किया जाएगा। इसका मतलब यह है कि किसी आपातकालीन स्थिति या युद्ध जैसे हालातों में भारतीय वायुसेना के राफेल, सुखोई और मिराज जैसे अत्याधुनिक लड़ाकू विमान भी इस सड़क पर लैंड और टेकऑफ कर सकेंगे। हालांकि, सामरिक महत्व के इस इमरजेंसी रनवे को एक्सप्रेसवे पर किस सटीक जगह बनाया जाएगा, इसका फैसला संबंधित विभाग आने वाले समय में करेगा।
120 KM की रफ्तार और बक्सर से सुल्तानगंज का सीधा कनेक्ट
पथ निर्माण विभाग के ब्लूप्रिंट के मुताबिक, यह एक्सप्रेसवे बक्सर से शुरू होकर आरा, कोईलवर, दीघा, दीदारगंज, फतुहा और मुंगेर जैसे महत्वपूर्ण शहरों को आपस में जोड़ते हुए सुल्तानगंज पर समाप्त होगा। इस पूरी सड़क पर वाहनों की रफ्तार सीमा 120 किलोमीटर प्रति घंटा तय की गई है, जिससे सफर का समय आधा रह जाएगा। लंबी दूरी की यात्रा को आरामदायक बनाने के लिए रास्ते में अत्याधुनिक विश्राम स्थल, फूड कोर्ट और खूबसूरत पिकनिक स्पॉट भी तैयार किए जाएंगे।
ट्रैफिक जाम से मिलेगी मुक्ति, भागलपुर को मिलेगा नया बाईपास
इस मेगा प्रोजेक्ट के पूरा होने से बक्सर, पटना, मुंगेर और भागलपुर समेत करीब आधा दर्जन जिलों के करोड़ों लोगों को सीधे तौर पर फायदा पहुंचेगा। वर्तमान में इन रूटों पर सफर करने के दौरान वाहनों को भारी ट्रैफिक और जाम से जूझना पड़ता है। एक्सप्रेसवे बनने के बाद न केवल यात्रा सुगम होगी, बल्कि यह भागलपुर के लिए एक बड़े बाईपास के रूप में भी काम करेगा, जिससे भागलपुर शहर के अंदरूनी रास्तों पर गाड़ियों का दबाव बेहद कम हो जाएगा।
वायुसेना के रडार पर देश के एक्सप्रेसवे: इस लिस्ट में शामिल होगा बिहार
भारत में एक्सप्रेसवे को रनवे की तरह इस्तेमाल करने का चलन तेजी से बढ़ा है। देश में पहले से ही यमुना एक्सप्रेसवे, आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे, पूर्वांचल एक्सप्रेसवे और मुंबई-नागपुर एक्सप्रेसवे जैसी कई ऐसी सड़कें हैं, जहां वायुसेना अपने लड़ाकू विमानों के टच-डाउन का सफल अभ्यास कर चुकी है। अब बिहार का यह प्रस्तावित गंगा एक्सप्रेसवे भी देश के उन चुनिंदा और वीआईपी एक्सप्रेसवे की लिस्ट में शामिल होने जा रहा है जो देश की सुरक्षा में बैकअप रनवे का काम करेंगे।
