न्यूज 11 भारत / बिहार डेस्क
अश्मित सिन्हा / पटना : बिहार सरकार ने राज्य के सभी 551 मॉडल स्कूलों को भगवा रंग में रंगने का फैसला किया है। इन मॉडल स्कूलों का नाम ‘सरस्वती विद्या निकेतन’ दिया गया है। इस मॉडल स्कूल का शुभारंभ मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने रविवार को बेगूसराय में किया। इन मॉडल स्कूलों में नवमी और एवं दसवीं के छात्रों को गुणवत्ता को शिक्षा के साथ-साथ नीट और JEE की तैयारी करवाई जाएगी। इन मॉडल स्कूलों को भगवा कलर में रंग जाएगा। हालांकि, इन स्कूलों को मौजूदा गुलाबी, और पीले रंग की जगह भगवा रंग से रंगने के शिक्षा विभाग के आदेश पर विवाद शुरू हो गया है।
सरकार शिक्षा को भी धर्म एवं रंग में देख रही
AIMIM के विधायक और प्रदेश अध्यक्ष अखतरुल इनाम ने सरकार के इस निर्णय पर सवाल उठाया है। अखतरुल इनाम का कहना है कि बिहार की सरकार कल फैसला नहीं है यह सरकार शिक्षा को भी धर्म एवं रंग में देख रही है। यही कारण है कि ऐसे मुद्दे को सरकार उठा रही है जिसका कोई जरूरत नहीं है। सरकार RSS के एजेंडे पर चल रही है। आरजेडी भी सरकार के इस फैसले पर सवाल उठा रही है। राजद के विधान परिषद के सदस्य सुनील सिंह ने कहा है कि बिहार सरकार मॉडल स्कूल के नाम पर जिन लोगों ने इस स्कूल को खोलने में अपना योगदान दिया था उनका नाम हटा रही है। न केवल नाम हटा रही है बल्कि RSS का जो देश में भगवाकरण का एजेंडा है उसे लागू करने का काम कर रही है। ये घोर आपत्तिजनक है।
विद्या के मंदिर को लेकर राजद सियासत कर रही
बिहार में मॉडल स्कूल के भगवा कलर किए जाने का बीजेपी ने खुलकर बचाव किया है। बिहार सरकार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी से जब स्कूलों के भगवा स्कॉलरशिप रंगने का सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा कि माता सरस्वती भी भगवा कलर की हैं।
