Voice of Eastern India

बिहार में प्राइवेट कोचिंगों पर कसेगा शिकंजा, कानून के दायरे में होंगे सभी संस्थान


न्यूज 11 भारत / बिहार डेस्क 
नमो नारायण मिश्रा / गोपालगंज :
बिहार सरकार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने प्राइवेट कोचिंग संस्थानों को लेकर बड़ा ऐलान किया है। गोपालगंज दौरे पर पहुंचे शिक्षा मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार जल्द ही एक नई और प्रभावी कोचिंग नीति लागू करने जा रही है। इसके तहत सभी निजी कोचिंग संस्थानों के लिए नियम तय होंगे और उन्हें कानून के दायरे में लाया जाएगा। मंत्री ने कहा कि अगले एक से डेढ़ महीने के भीतर नई नीति लागू करने की दिशा में सरकार काम कर रही है।

कोचिंग नीतियों पर गहन परीक्षण

गोपालगंज पहुंचे शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा कि बिहार में संचालित निजी कोचिंग संस्थानों के संचालन को व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने के लिए सरकार व्यापक तैयारी कर रही है। उन्होंने बताया कि इस दिशा में विभाग ने अध्ययन शुरू कर दिया है और विभिन्न राज्यों की कोचिंग नीतियों का भी गहन परीक्षण किया जा रहा है।

तैयार हो रहे महत्वपूर्ण सुझाव और मसौदे 

मंत्री ने कहा कि विशेष रूप से राजस्थान सरकार द्वारा वर्ष 2025 में लागू की गई कोचिंग नीति का अध्ययन किया जा रहा है। उस नीति के बेहतर प्रावधानों को बिहार की जरूरतों के अनुसार शामिल करने पर विचार किया जा रहा है। साथ ही शिक्षा विभाग ने भी अपने स्तर पर कई महत्वपूर्ण सुझाव और मसौदे तैयार किए हैं, जिन्हें नई नीति का हिस्सा बनाया जाएगा।

लागू होगा मॉडल कोड ऑफ कंडक्ट 

उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य सिर्फ नियम बनाना नहीं, बल्कि एक ऐसी प्रभावी व्यवस्था लागू करना है जिससे छात्रों के हितों की रक्षा हो, कोचिंग संस्थानों की जवाबदेही तय हो और पूरे सिस्टम में पारदर्शिता आए। इसके लिए सभी निजी कोचिंग संस्थानों के लिए एक मॉडल कोड ऑफ कंडक्ट (आदर्श आचार संहिता) लागू किया जाएगा, जिसका पालन करना अनिवार्य होगा।

कानून के दायरे में होंगे निजी कोचिंग संस्थान

शिक्षा मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुरूप कोचिंग संस्थानों से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर भी सरकार गंभीरता से काम कर रही है। नई नीति में छात्रों की सुरक्षा, पढ़ाई का माहौल, संस्थानों की जवाबदेही और आवश्यक सुविधाओं जैसे विषयों को भी शामिल किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट कहा कि बिहार में संचालित सभी निजी कोचिंग संस्थानों को कानून के दायरे में लाया जाएगा और भविष्य में निर्धारित नियमों के अनुरूप ही उनका संचालन होगा। सरकार की कोशिश है कि अगले एक से डेढ़ महीने के भीतर नई कोचिंग नीति लागू कर दी जाए।
 

Source link



Source link

Leave A Reply

Your email address will not be published.