Voice of Eastern India

पटना-हाजीपुर रूट वालों की किस्मत चमकने वाली है! गंगा नदी पर बन रहे नए फोर-लेन पुल को लेकर आया बड़ा अपडेट


न्यूज 11 भारत / बिहार डेस्क: उत्तर और दक्षिण बिहार के बीच का सफर जल्द ही और अधिक सुगम होने जा रहा है। महात्मा गांधी सेतु के बगल में गंगा नदी पर तैयार हो रहा नया फोर-लेन महासेतु अब अपने अंतिम चरणों की ओर बढ़ रहा है। पटना, सारण और वैशाली जिलों को जोड़ने वाले इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट का लगभग 73 फीसदी काम पूरा कर लिया गया है। 14.50 किलोमीटर लंबे इस पूरे कॉरिडोर की संशोधित बजट लागत अब बढ़कर ₹2926.42 करोड़ तक पहुंच चुकी है। प्रशासन का प्रयास है कि साल 2027 की शुरुआत के साथ ही इस रूट पर वाहनों का परिचालन शुरू करवा दिया जाए।

5 साल पहले रखी गई थी प्रोजेक्ट की नींव

इस मेगा प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारने की जिम्मेदारी ‘एसपी सिंगला कंस्ट्रक्शंस’ संभाल रही है, जबकि निर्माण की उच्च गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए ‘मैसर्स दोहवा इंजीनियरिंग’ को बतौर सुपरवाइजर नियुक्त किया गया है। करीब ₹1794.37 करोड़ के मूल एग्रीमेंट वाले इस प्रोजेक्ट पर जमीनी स्तर पर काम की शुरुआत 25 मार्च 2021 को की गई थी, जो अब लगातार गति पकड़ रहा है।

संपर्क सड़कों (एप्रोच रोड) का काम भी आखिरी दौर में

पुल को मुख्य मार्गों से जोड़ने के लिए दोनों किनारों पर इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत किया जा रहा है:

  • बेस को टिकाऊ बनाने वाले कंक्रीट और सब-बेस (GSB) का 61% काम हो चुका है।

  • पहुंच मार्ग के लिए 77% मिट्टी भराई और 92% आरई पैनल कास्टिंग का काम फाइनल हो चुका है।

  • सड़क की ऊपरी परतों (WMM और DBM) का कार्य भी क्रमशः 50% और 48% तक निपटा लिया गया है।

उत्तर बिहार की अर्थव्यवस्था और मेडिकल कनेक्टिविटी को बूस्ट

इस नए रूट के खुल जाने से बिहार को कई बड़े फायदे मिलने वाले हैं:

  • मुजफ्फरपुर, छपरा, सीवान और हाजीपुर से राजधानी पटना आने-जाने वाले राहगीरों को घंटों लंबे जाम से हमेशा के लिए निजात मिल जाएगी।

  • उत्तर बिहार के ग्रामीण इलाकों से पटना के बड़े अस्पतालों (जैसे PMCH या AIIMS) की दूरी समय के लिहाज से काफी घट जाएगी, जिससे आपातकालीन मरीजों को समय पर इलाज मिल सकेगा।

  • हाजीपुर के औद्योगिक हब और देहाती क्षेत्रों की ताजी सब्जियां व फल बिना खराब हुए चंद मिनटों में पटना के बाजारों तक पहुंचेंगे, जिससे मालभाड़ा कम होगा और किसानों की जेब में ज्यादा मुनाफा आएगा।

अधिकारियों के अनुसार, पुल के सुपरस्ट्रक्चर को आपस में जोड़ने के लिए कुल 1868 प्री-कास्ट कंक्रीट सेगमेंट्स की जरूरत है। इनमें से 1381 सेगमेंट्स की ढलाई का काम पूरा हो चुका है, और 953 टुकड़ों को पिलरों के ऊपर सफलतापूर्वक क्रेन की मदद से असेंबल भी कर दिया गया है। निर्माण की वर्तमान गति को देखते हुए तय डेडलाइन तक काम पूरा होने की पूरी उम्मीद है।

Source link



Source link

Leave A Reply

Your email address will not be published.