न्यूज 11 भारत / पटना डेस्क : बिहार विधान मंडल का मानसून सत्र आज से शुरू हो गया। कार्यवाही शुरू होने के साथ ही विपक्ष के विधायकों ने नीट पेपरलीक को लेकर हंगामा किया और केंद्रीय शिक्षा मत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की।
कितने रुपये का पेश हुआ बजट
स्पीकर के समझाने के बाद विधायक शांत हुए। वित्त मंत्री विजेन्द्र प्रसाद यादव ने वित्तीय वर्ष 2026-27 का पहला अनुपूरक बजट सदन पटल पर रखा। 87 हजार करोड़ 383 करोड़ रुपए का बजट पेश किया गया है। स्कीम मद में 57 हजार 77 करोड़ रुपए, वेतन पेंशन में 32 हजार 265 करोड़ रुपए, सेंट्रल स्कीम मद में 39.48 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। इसके बाद दिवंगत नेताओं को श्रद्धांजलि दी गई। जिसके बाद सदन की कार्यवाही मंगलवार सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।
पहली बार सदन पहुंचे निशांत
नीतीश कुमार के बेटे और स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार आज पहली बार विधान परिषद पहुंचे। वो पोर्टिको में विपक्ष के विधायकों के बीच फंसे दिखे। दरअसल, निशांत कुमार का आज जन्मदिन भी है, जैसे ही वो विधानसभा पहुंचे तो जदयू के विधायक उनका स्वागत करने लगे, बधाई देने लगे। इसी दौरान पोर्टिको में विपक्षी विधायक प्रदर्शन कर रहे थे।
NEET पेपरलीक के विरोध में विपक्ष का हंगामा
इधर, सदन की कार्यवाही शुरू होने से पहले भी विपक्ष के विधायकों ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर पैदल मार्च किया। विधानसभा परिसर में पोस्टर के साथ नारेबाजी की। NEET पेपरलीक को लेकर विपक्ष के विधायक विधानसभा पोर्टिको में प्रदर्शन करते दिखे। ‘नरेंद्र मोदी हाय-हाय’, ‘धर्मेंद्र प्रधान हाय-हाय’ के नारे लगाए गए। ‘NEET छात्रों के हत्यारे शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दो।’ , ‘पेपरलीक से छात्रों की आत्महत्या की जवाबदेही तय करो।’, ‘नई शिक्षा नीति 2020 को रद्द करो।’ जैसे स्लोगन वाले पोस्टर लेकर विपक्ष के विधायकों ने प्रदर्शन किया।
मानसून सत्र के हाईलाइट्स
- 87 हजार करोड़ 383 करोड़ रुपए का अनुपूरक बजट पेश।
- NEET पेपर लीक, मॉब लिंचिंग मामले को लेकर विपक्ष ने पोर्टिको में प्रदर्शन किया।
- पेपर लीक को लेकर विपक्ष के विधायकों ने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की।
- हंगामे के बीच आज सदन में अनुपूरक बजट पेश किया गया।
- तेजस्वी यादव सदन में मौजूद नहीं हैं। वो फैमिली के साथ विदेश दौरे पर हैं।
- स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार का आज जन्मदिन है, सत्ता पक्ष, विपक्ष के नेताओं ने बधाई दी।
- नीतीश कुमार 21 साल बाद किसी भी सदन में दिखाई नहीं दिए।
