न्यूज 11 भारत / बिहार डेस्क
सागर शुक्ला / पश्चिमी चम्पारण: पश्चिमी चम्पारण के रामनगर प्रखंड के उत्तरांचल में स्थित दोन के दो पचांयत के 20 गांव के लोग बाढ़ से अस्त व्यस्त हो गये हैं। जान हथेली पर रखकर उफान भरी आधा दर्जन नदियों को पार करना पडता है। देर शाम से भुरहवा दोन का 10 वर्षीय बच्चा अपने माँ के साथ बगल के गांव जाने के हारहा नदी पार कर रहा था इसी दौरान पानी बढ़ गया और माँ-बेटे डूबने लगे।
माँ बच्चे का हाथ पकड़ी हुई थी लेकिन तेज बहाव में बच्चा बाढ़ के पानी में बह गया। 24 घंटे बाद भी बच्चे का शव नहीं मिला है। प्रशासन की तरफ से 24 घंटे में ना एनडीआरएफ और ना ही एसडीआरफ की टीम पहुंची है। इधर रामनगर के अलग अलग जगहों पर बाढ़ के पानी ने कोहराम मचाया है। नगर के रामरेखा नदी के पानी उफान पर है। नगर के जोलहाटोली और रतनपुरवा के दर्जनो घर में पानी घुस गया है।
वहीं रामनगर के चुडीहरवा और पथरी गांव के बीच सुखौडा नदी के पानी उफान पर है, जिससे सडक नदी में तब्दील हो गया है। लोग एक दूसरे के सहारे जान हथेली पर रख कर 5 किलोमीटर का सफर पैदल ही तय कर रहे हैं।
